पुरानी राहों के कदमों पर ठोकर मत खाओ
वे केवल सबक थे, सज़ा नहीं
विचार आँखों में खिलते हैं
ईश्वर की दिशा निर्णायक है
सपने छाया में चमकते हैं
वास्तविकता को मन में भरो
रास्तों से सीख हासिल करो
बाधाओं को पार करके आगे बढ़ो
हर कदम में आत्मा को शक्ति मिलती है
जीत तेज़ी में नहीं, सतर्कता में है
विश्वास अडिग रहता है
समय के अनुभव बदलाव लाते हैं
जी आर कवियुर
04 01 2026
( कनाडा, टोरंटो)
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